Logo
ब्रेकिंग
बीएफसीएल द्वारा महेश्वर धाम में दो दिवसीय निःशुल्क नेत्र जांच शिविर का आयोजन, 163 लाभार्थियों की हुई... झारखंड को मिली बड़ी सौगात,17 जनवरी को खुलेगा सब-डीओ कार्यालय, आर्मी लैंड केस अब लोकल लेवल पर! गुरुजी के घर पहुंचे अखिलेश यादव, भावुक होकर कहा – आदिवासियों की आवाज़ हमेशा गूंजेगी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन राजनीति की चकाचौंध से दूर पैतृक गांव नेमरा की मिट्टी में रचे-बसे नज़र आ रहे ... रामगढ़ की बेटी चंद्र ज्योति उपाध्याय ने रचा इतिहास, JPSC में पाई 70वीं रैंक, बनीं डिप्टी कलेक्टर युवा आजसू का संकल्प – हर गांव, हर विद्यालय में हरा अभियान! आफ़ताब अंसारी के मामले कि जांच और परिजनों को मिले मुआवजा : जोया प्रवीण रामगढ़ थाना से फरार आफताब कि मौ*त, जमकर बवाल, इंस्पेक्टर प्रमोद सिंह और कई पुलिसकर्मी निलंबित रामगढ़ डीसी बने फरिश्ता, बेहोश स्कूली बच्चे को अपनी गाड़ी से पहुंचाया अस्पताल, बचाई जान प्रधान सचिव पेयजल एवं स्वच्छता विभाग झारखंड सरकार श्री मस्त राम मीणा ने किया रामगढ़ जिले का दौरा।

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने ऊर्जा मंत्री नितिन राउत के खिलाफ दर्ज कराई शिकायत, जानें क्‍या है मामला

मुंबई। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने राज्‍य के ऊर्जा मंत्री नितिन राउत, ऊर्जा सचिव और महाप्रबंधक के खिलाफ मुंबई के शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन में  शिकायत दर्ज कराई है। मनसे का कहना है कि  बिजली बिल में रियायत के बारे में किए गए वादों को पूरा नहीं किया गया है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के अध्यक्ष राज ठाकरे ने बीती 26 जनवरी को नया फरमान सुनाया था। आदेश के अनुसार उद्योगपति अडानी और ऊर्जा मंत्री नितिन राउत के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 के तहत मनसे कार्यकताओं को  मुंबई और महाराष्ट्र के अलग-अलग पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज करवाने के लिए कहा गया था।

ज्ञात हो की ऊर्जा मंत्री नितिन राउत ने बिजली बिल में छूट देने की मांग की थी लेकिन अब अपनी बात से पलट गए हैं। इसे लेकर ही मनसे ने आवाज बुलंद की है। मुंबई उपनगर में अडानी की कंपनी ही बिजली सप्‍लायी करती है। मनसे कार्यकर्ता अब राज्‍य भर में जहां-जहां अडानी की कंपनी द्वारा बिजली की आपूर्ति की जाती है एफआइआर दर्ज करवाएंगे। मुंबई और महाराष्ट्र के लोगों ने बिजली कंपनियों से बिजली बिल को कम करने की मांग की थी लेकिन कंपनी ने उनकी मांग को ठुकरा दिया।

दरअसल कोरोना काल में लोगों के बिजली के बिल ज्‍यादा आये थे।  ऊर्जा मंत्री  नितिन राउत ने बिजली के बिल को कम करने का आश्‍वासन भी दिया था। हालांकि बाद में अपनी बात से मुकर गए। दूसरी ओर बिजली बिल अदा करने के लिए भी लोगों पर दबाव डाला जा रहा था। इसे लेकर ही मनसे कार्यकताओं ने बिजली कंपनियों के खिलाफ आंदोलन छेड़ा है।

 उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने क्‍या कहा 

वहीं राज्‍य के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार का इस मामले में कहना था कि बिजली के बिल पर छूट देनी है या नहीं इस बड़े निर्णय का हक किसी एक मंत्री का नहीं  है बल्कि इस पर समूचे मंत्रिमंडल के सहमति जरूरी होती है। इस विषय में विस्‍तार से चर्चा के बाद ही अहम  निर्णय लिया जाएगा। कोरोना महामारी के कारण राज्‍य सरकार के तिजोरी खाली पड़ी है, ऐसे संकट के समय में  बड़े फैसले लेने से पहले सबकी सहमति जरूरी है।