Logo
ब्रेकिंग
Bjp प्रत्याशी ढुल्लु महतो के समर्थन में विधायक सरयू राय के विरुद्ध गोलबंद हूआ झारखंड वैश्य समाज l हजारीबाग लोकसभा इंडिया प्रत्याशी जेपी पटेल ने किया मां छिनमस्तिका की पूजा अर्चना l गांजा तस्कर के साथ मोटासाइकिल चोर को रामगढ़ पुलिस ने किया गिरफ्तार स्वीप" अंतर्गत वोटर अवेयरनेस को लेकर जिले के विभिन्न प्रखंडों में हुआ मतदाता जागरूकता रैली का आयोजन... *हमारा लक्ष्य विकसित भारत और विकसित हज़ारीबाग: जयंत सिन्हा* आखिर कैसे हुई पुलिस हाजत में अनिकेत की मौ' त? नव विवाहित पति पत्नी का कुएं में मिला शव l Royal इंटरप्राइजेज के सौजन्य से Addo ब्रांड के टेक्निकल मास्टर क्लास का रामगढ़ में आयोजन | रामगढ़ में हजारीबाग डीआईजी की पुलिस टीम पर कोयला तस्करों का हमला l ACB के हत्थे चढ़ा SI मनीष कुमार, केस डायरी मैनेज करने के नाम पर मांगा 15 हजार

उन्नाव रेप पीड़िता के पिता की हत्या मामला: कुलदीप सेंगर समेत 7 लाेगाें काे 10-10 साल की सजा

नई दिल्ली: उन्नाव रेप पीड़िता के पिता की हत्या मामले में दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने आरोपी कुलदीप सिंह सेंगर समेत 7 लोगों को 10-10 साल की सजा और 10-10 लाख रुपये जुर्माने लगाया है। बता दें कि बीते दिनों कोर्ट ने सभी को दोषी करार दिया था। जिसमें यूपी पुलिस के दो अधिकारी (एक एचएसओ और एक हेड कांस्टेबल) भी शामिल है। जबकि 4 लोगों को बरी कर दिया था। इस मामले में 11 लोगों पर आरोप तय किए गए थे। वीरवार को इस मामले में हुई सुनवाई पर कोर्ट ने मामले को सुरक्षित रखा था।

मेरी जिंदगी का सबसे चुनौतीपूर्ण ट्रायल-जज
बता दें कि फैसला सुनाते हुए तीस हजारी कोर्ट के जज ने कहा कि यह मेरी जिंदगी का सबसे चुनौतीपूर्ण ट्रायल रहा। जज ने सीबीआई और पीड़ित के वकील की भी सराहना की। तीस हजारी कोर्ट ने इससे पहले 29 फरवरी को इस मामले पर सुनवाई की थी और फैसले के लिए 4 मार्च की तिथि तय की थी। इस केस में पीड़िता के पक्ष से कुल 55 लोगों ने गवाही दी। वहीं बचाव पक्ष की तरफ से नौ गवाह कोर्ट में पेश हुए।
पुलिस हिरासत में हुई थी पीड़िता के पिता की मौत 
गौरतलब है कि 9 अप्रैल 2018 को उन्नाव में पीड़िता के पिता की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी। पीड़िता के परिजनों ने हत्या का आरोप  कुलदीप सेंगर पर लगाया था। वहीं इस बारे में 13 अगस्त 2019 को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एएसजे) धर्मेश शर्मा ने कहा था- पीड़िता के पिता को कथित रूप से गलत तरीके से फंसाया गया था। उन्हें हिरासत में भेज दिया गया था। जहां उनकी मृत्यु हो गई थी। इसके पीछे क्या कोई मंशा थी? यह सब जांच का विषय है।

उन्होंने कहा कि यह एक बड़ी साजिश थी, जो पीड़िता के पिता को पैरवी करने से रोकने के लिए की गई थी। कोर्ट ने कुलदीप सिंह सेंगर, उनके भाई अतुल सेंगर, उत्तर प्रदेश पुलिस के तीन कर्मियों और पांच अन्य लोगों पर आरोप तय किए थे।

कौन दोषी-कौन बरी-

1- कुलदीप सरेंगेर — दोषी

2- कामता प्रसाद, सब इंस्पेक्टर — दोषी

3- अशोक सिंह भदौरिया, स्॥ह्र- दोषी

4- शैलेंद्र सिंह उर्फ टिंकू सिंह–बरी

5- विनीत मिश्रा उर्फ विनय मिश्रा–दोषी

6- बीरेंद्र सिंह उर्फ बउवा सिंह–दोषी

7- राम शरण सिंह उर्फ सोनू सिंह–बरी

8- शशि प्रताप सिंह उर्फ सुमन सिंह–दोषी

9- अमीर खान, कॉन्स्टेबल–बरी

10- जयदीप सिंह उर्फ अतुल सिंह–दोषी

11- शरदवीर सिंह–बरी