Logo
ब्रेकिंग
आखिर कैसे हुई पुलिस हाजत में अनिकेत की मौ' त? नव विवाहित पति पत्नी का कुएं में मिला शव l Royal इंटरप्राइजेज के सौजन्य से Addo ब्रांड के टेक्निकल मास्टर क्लास का रामगढ़ में आयोजन | रामगढ़ में हजारीबाग डीआईजी की पुलिस टीम पर कोयला तस्करों का हमला l ACB के हत्थे चढ़ा SI मनीष कुमार, केस डायरी मैनेज करने के नाम पर मांगा 15 हजार माता वैष्णों देवी मंदिर के 33वें वार्षिकोत्सव पर भव्य कलश यात्रा 14 को रामगढ़। झारखंड के इन जिलों में 12 से होगी झमाझम बारिश, जानें मौसम का मिजाज रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ श्री गुरु नानक पब्लिक स्कूल का वार्षिकोत्सव सम्पन्न । रामगढ़ एसपी ने पांच पुलिस निरीक्षकों को किया पदस्थापित रामगढ़ में एक डीलर और 11 अवैध राशन कार्डधारियों को नोटिस जारी

आज साल का आखिरी Mann Ki Baat कार्यक्रम, कृषि कानूनों पर बात कर सकते हैं PM मोदी

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात (Mann ki Baat) के 72वें संस्करण के माध्यम से राष्ट्र को संबोधित करेंगे। ये साल 2020 का आखिरी मन की बात कार्यक्रम होगा। कयास लगाया जा रहा है कि किसान आंदोलन के बीच पीएम मोदी अपने संबोधन के जरिए एक बार फिर कृषि कानूनों से जुड़े मुद्दों पर बात करेंगे। पीएम सुबह 11 बजे देश को संबोधित करेंगे।

नए कृषि कानूनों के खिलाफ एक महीने से किसान दिल्ली बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे हैं। इसी बीच सरकार ने किसानों से फिर बातचीत की पेशकश की, जिसे आंदोलनकारी किसानों ने स्वीकार कर लिया है। इसके लिए 29 दिसंबर को सुबह 11 बजे का वक्त तय किया गया है। वहीं, कुछ किसान संगठनों ने ताली और थाली बजाकर पीएम मोदी के कार्यक्रम का विरोध जताने की बात कही है।

प्रधानमंत्री ने शनिवार को एक ट्वीट कर बताया कि लोग कार्यक्रम का प्रसारण ऑल इंडिया रेडियो, डीडी और नरेंद्र मोदी मोबाइल ऐप पर देख सकते हैं। पीएम ने 18 दिसंबर को कार्यक्रम के लिए लोगों से सुझाव मांगे थे। पीएम ने कहा था, ‘आप इस वर्ष को कैसे पूरा करेंगे? 2021 में आप सबसे आगे क्या देखते हैं? इसे मेरे साथ साझा करें। इसके लिए आप ज्यादा MyGov, NaMo App पर लिखें या 1800-11-7800 पर अपना संदेश रिकॉर्ड करें।

‘मन की बात’ के 71वें संस्करण में पीएम मोदी ने नए कृषि कानूनों के फायदे गिनाए थे। उन्होंने कृषि कानूों में किए गए बदलावों को किसानों के लिए नई संभावनाओं के दरवाजे खोलने वाला बताया था। उन्होंने कहा था कि कम समय में ही किसानों को इसका लाभ मिलने लगा है। इशके लिए पीएम ने किसानों को अफवाहों से बचने और जागरूकता फैलाने की अपील की थी।