Logo
ब्रेकिंग
बीएफसीएल द्वारा महेश्वर धाम में दो दिवसीय निःशुल्क नेत्र जांच शिविर का आयोजन, 163 लाभार्थियों की हुई... झारखंड को मिली बड़ी सौगात,17 जनवरी को खुलेगा सब-डीओ कार्यालय, आर्मी लैंड केस अब लोकल लेवल पर! गुरुजी के घर पहुंचे अखिलेश यादव, भावुक होकर कहा – आदिवासियों की आवाज़ हमेशा गूंजेगी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन राजनीति की चकाचौंध से दूर पैतृक गांव नेमरा की मिट्टी में रचे-बसे नज़र आ रहे ... रामगढ़ की बेटी चंद्र ज्योति उपाध्याय ने रचा इतिहास, JPSC में पाई 70वीं रैंक, बनीं डिप्टी कलेक्टर युवा आजसू का संकल्प – हर गांव, हर विद्यालय में हरा अभियान! आफ़ताब अंसारी के मामले कि जांच और परिजनों को मिले मुआवजा : जोया प्रवीण रामगढ़ थाना से फरार आफताब कि मौ*त, जमकर बवाल, इंस्पेक्टर प्रमोद सिंह और कई पुलिसकर्मी निलंबित रामगढ़ डीसी बने फरिश्ता, बेहोश स्कूली बच्चे को अपनी गाड़ी से पहुंचाया अस्पताल, बचाई जान प्रधान सचिव पेयजल एवं स्वच्छता विभाग झारखंड सरकार श्री मस्त राम मीणा ने किया रामगढ़ जिले का दौरा।

ईरान ने पाकिस्तान में घुसकर छुड़ाए अपने दो सैनिक, रिवोल्यूशनरी गा‌र्ड्स ने चलाया खुफिया ऑपरेशन

तेहरान। ईरानी सुरक्षा बल रिवोल्यूशनरी गा‌र्ड्स ने पाकिस्तान में घुसकर अपने दो सैनिकों को आतंकियों के कब्जे से छुड़ा लिया है। ये दोनों उन 12 सैनिकों में शामिल थे, जिन्हें 2018 में अगवा कर लिया गया था। एनाडोलू एजेंसी ने बताया कि रिवोल्यूशनरी गा‌र्ड्स ने इन्हें छुड़ाने के लिए पाकिस्तानी सरजमीं पर खुफिया ऑपरेशन चलाया। रिवोल्यूशनरी गा‌र्ड्स ने एक आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि दो सैनिकों को जैश उल-अदल के कब्जे से छुड़ाने के लिए मंगलवार रात सफलतापूर्वक अभियान चलाया गया।

इन सैनिकों को ढाई साल पहले अपहृत कर लिया गया था। मुक्त कराए गए दोनों सैनिकों को ईरान भेज दिया गया है। 16 अक्टूबर, 2018 को जैश उल-अदल ने सिस्तान प्रांत के मरकावा शहर और बलूचिस्तान प्रांत की सीमा पर रिवोल्यूशनरी गा‌र्ड्स के 12 सैनिकों का अपहरण कर लिया था। इन अपहृत सैनिकों को छुड़ाने के लिए पाकिस्तान और ईरान के सैन्य अधिकारियों ने एक संयुक्त टीम का गठन किया था।

इनमें से पांच सैनिकों को उसी साल नवंबर में रिहा करा लिया गया था। इसके बाद 21 मार्च, 2019 को पाकिस्तानी सेना ने चार सैनिकों को छुड़ाने में सफलता हासिल की। जैश उल-अदल को ईरान सरकार ने आतंकी संगठन घोषित कर रखा है। इस संगठन ने ईरानी प्रशासन के खिलाफ सशस्त्र संघर्ष छेड़ रखा है। इसका कहना है कि वह ईरान में बलूच सुन्नियों के अधिकार की रक्षा कर रहा है।

इस एक्‍शन के साथ ही ईरान तीसरा देश बन गया है जिसने पाकिस्तान की सीमा में घुसकर आतंकियों को मार गिराया है। सनद रहे इससे पहले भारतीय सेना ने भी पाकिस्‍तान में घुसकर ऐसी ही कार्रवाई को अंजाम दिया था। यही नहीं अमेरिका ने भी रात में एबटाबाद में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक की थी और दुनिया के सबसे खूंखार आतंकी ओसामा बिन लादेन को मार गिराया था। यही नहीं इस कार्रवाई में अमेरिकी मरीन कमांडो ने आतंकी सरगना लादेन की लाश भी अपने साथ ले गए थे।