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कृषि कानून पर प्रदर्शन केवल एक प्रयोग, सफल होने पर अन्य मुद्दों पर भी होगा बवाल: नरोत्तम मिश्रा

नई दिल्ली। मध्य प्रदेश के गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने बुधवार को किसान आंदोलन को एक प्रयोग बताते हुए कहा कि यदि इसमें सफलता मिलती है तब अन्य मुद्दों को लेकर विरोध शुरू होगा। उन्होंने कहा, ‘किसानों का आंदोलन एक प्रयोग है। यदि यह सफल रहा  तो लोग CAA-NRC, अनुच्छेद 370 व राम मंदिर के खिलाफ प्रदर्शन भी करेंगे। कोई कृषि कानूनों के बारे में विस्तार से नहीं बता सकता है, किसी को नहीं पता कि कथित काले कानून (कृषि कानून) में ‘काला’  क्या है। ये आंदोलन धारणाओं पर आधारित है।’

राज्य गृहमंत्री ने यह भी कहा कि किसानों के साथ बात करते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर्दे के पीछे रहकर बाधा डालने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘केंद्र सरकार ने प्रदर्शनकारी किसानों से चर्चा के सभी विकल्प खुले रखे हैं। लेकिन राहुल गांधी पर्दे के पीछे से बातचीत में बाधा डालने का प्रयास कर रहे हैं। असल में अपना वजूद बचाने के लिए संघर्षरत कांग्रेस की किसान आंदोलन के नाम पर घड़ियाली आंसू दिखाना मजबूरी बन गई है।’ नरोत्तम मिश्रा ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि देश में आपातकाल और परिवारवाद के संरक्षक लोकतंत्र खतरे में होने की बात कर रहे हैं, उन्होंने ऐसी पार्टी लोकतंत्र की बात कर रही है जिसमें परिवारवाद हो।

बता दें कि मानसून सत्र में केंद्र सरकार की ओर से पारित तीन कृषि कानूनों (Farm Laws) के विरोध में किसान दिल्‍ली की सीमाओं पर करीब ढाई महीने से आंदोलन (Farmers Protest) कर रहे हैं। इनकी मांग है कि सरकार इन कानूनों को रद कर दे। इसमें उन्हें विपक्षी दलों का समर्थन मिल रहा है और अब तो अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर पर भी समर्थन सामने आ रहा है।