Logo
ब्रेकिंग
हाथी का दांत को वन विभाग के अधिकारी ने किया जप्त। नवरात्रि के उपलक्ष में भव्य डांडिया रास का 24 सितंबर को होगा आयोजन । हजारीबाग में 30 फीट गहरी नदी में पलटी बस 07 लोगों की हुई मौत, गैस कटर से काटकर शव को निकाला गया। दो नाबालिग लड़की के दुष्कर्म मामले में फरार दोनो आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शांतनु मिश्रा राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष मनोनीत मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से राज्य के विभिन्न जिलों से पहुंचे नवनियुक्त जिला परिषद अध्यक्षों ने मुलाक... प्रखंड सह अंचल कार्यालय, रामगढ़ का उपायुक्त ने किया निरीक्षण पल्स पोलियो अभियान का रामगढ़ उपायुक्त ने किया शुभारंभ MRP से ज्यादा में शराब बेचने वालों की खैर नहीं, उपायुक्त ने दिया जांच अभियान चलाने का निर्देश । हेमंत कैबिनेट का बड़ा फैसला- 1932 के खतियानधारी ही झारखंडी,OBC को 27 प्रतिशत आरक्षण, जानें अन्य फैसल...

शिवराज की मंत्री पर लगा डकैती का आरोप, सफाई में बोलीं- मेरी ऐसी मंशा नहीं थी

इंदौर: भारतीय जनता पार्टी के विधायक और मंत्री उषा ठाकुर खुद पर लगे डकैती के आरोपों से चारों तरफ से घिर गई है। वनमंत्री ने भी इस मामले पर संज्ञान लेते हुए जांच दल को इंदौर भेजा है। इसके बाद मंत्री ने अपने ऊपर लगे डकैती के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने मंगलवार देर रात बयान जारी करते हुए कहा कि, मैं संध्या के वक्त इंदौर की तरफ लौट रही थी इसी दौरान मुझपर यह आरोप लगाए गए हैं। मेरी कोई ऐसी मंशा नहीं थी। मैंने सारा मामला वन मंत्री के संज्ञान में डाल दिया है जो भी गलती करेगा वो दंडित होगा।

PunjabKesari

आपको बता दें कि मंगलवार को भाजपा विधायक उषा ठाकुर समेत करीब 20 लोगों के खिलाफ बड़ौदा पुलिस थाने पर वन विभाग द्वारा एक आवेदन प्रस्तुत किया गया है जिसमें मंत्री सहित सभी लोगों पर डकैती डालने और सामान लूट कर ले जाने का मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है। पुलिस को जो पत्र वन विभाग के कर्मचारी राम सूरज दुबे द्वारा दिया गया है उसमें कहा है कि महू वन क्षेत्र में बड़गोंदा में कुछ लोगों द्वारा वन क्षेत्र की भूमि में खुदाई करते हुए।

अवैध मोरम निकाली जा रही थी और मार्ग बनाया जा रहा था जिसे वन विभाग ने 10 जनवरी को जप्त कर एक जेसीबी मशीन mp41 एच ए 0576 सहित एक ट्रैक्टर और एक ट्राली जो बिना नंबर की थी उसे जब किया था और इस माल भरी गाड़ी को बड़गोदा परिसर में खड़ी किया गया था, लेकिन मंत्री उषा ठाकुर, मनोज पाटीदार, सुनील यादव निवासी कोदरिया, अनिल जोशी महू, वीरेंद्र अंजाना भंवरा, सुनील पाटीदार पलासिया, प्रदीप पाटीदार और सूरज पाटीदार निवासी नाहर खेड़ा करीब 20-25 लोगों के साथ बड़गोदा परिसर में आए और जप्त किए गए वाहनों को चुरा कर ले।

पुलिस को लिखे पत्र में स्पष्ट रूप से मांग की गई है कि जिन वाहनों को जब्त किया गया था उन्हें छुड़ाकर कर ले जाने और शासकीय कार्य में बाधा डालने का मुकदमा दर्ज किया जाए। इस पत्र के बाद वन विभाग और भाजपा नेताओं के बीच निजी तौर पर तनातनी शुरू हो गई है।