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दूसरे जनप्रतिनिधियों के लिए रोल मॉडल बने सांसद : उपराष्ट्रपति

नई दिल्ली। संसद में बहस के स्तर और लोगों की नजरों में नेताओं की गिरती छवि को ध्यान में रखते हुए उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने शुक्रवार को कहा कि सांसदों को दूसरे जनप्रतिनिधियों के लिए रोल मॉडल होना चाहिए।

‘राजस्थान में संसदीय दूत’ नामक पुस्तक का विमोचन करने के बाद कार्यक्रम को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये संबोधित करते हुए नायडू ने कहा, ‘सांसदों को अपने आचरण से दूसरे जनप्रतिनिधियों के लिए आदर्श प्रस्तुत करना चाहिए। संसद में कभी-कभी बहस का स्तर ऐसा हो जाता है कि लोगों की नजरों में नेताओं, खासकर जन प्रतिनिधियों की छवि गिर जाती है।’ पुस्तक के लेखक केएन भंडारी हैं।

उप राष्ट्रपति ने कहा कि सांसदों की भूमिका किसी काम की सिफारिश करने भर है। लेकिन सांसदों के लिए यह भी उतना ही जरूरी है कि वह प्रशासन के साथ उस कार्य को लेकर जानकारी लेते रहें, ताकि उसके पूरा होने में किसी तरह की बाधा नहीं आए।

बता दें कि देश में किसान आंदोलन को 70 दिन से अधिक समय हो गया है। किसानों को विपक्षी नेताओं का समथर्न भी मिल रहा है। आए दिन नेता दिल्ली की सीमाओं पर पहुंच किसानों को समथर्न दे रहे हैं। वहीं, बजट सत्र जारी है, जिसमें शुरुआत से ही केंद्र को विपक्ष द्वारा घेरा जा रहा है और तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग उठाई जा रही है। संसद के दोनों सत्रों में रोज बवाल हुआ। जहां शुक्रवार को दोनों सदनों को सोमवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया।